Tuesday, November 3, 2009

भ्रष्टाचार उन्मूलन सप्ताह आज से ?सतर्कता जागरूकता सप्ताह

देश से भ्रष्टाचार के कलंक को मिटाने के लिए सरकारी कार्यालयों में [देश के लोक सेवकों द्वारा ]निर्बाध रूप से कार्य करते हुए इमानदारी से सिधांतों पर आधारित सेवा प्रदान करने को शपथ ली जा रही हेमुख्यसतर्कता आयोग के दिशा निर्देश का पालन करते हुए विभागों [केन्द्र सरकार विशेष]में भ्रष्टाचार उन्मूलन सप्ताह मनाया जा रहा हेसरकारी[केन्द्र]विभागों में विशेष तौर पर ६ दिन का सप्ताह होता हे यह सप्ताह २नोवेम्बर से ६नोवेम्बर तक मनाया जाना हे मगर इस बार पहली और दूसरी नोवेम्बर को अवकाश रहा सो यह विशेष सप्ताह मात्र चार दिन का ही रहाइसीलिए चार दिन की चांदनी माफ़ कीजियेगा चार दिन की [मात्र]सतर्कता बरतने की जरुरत हे सतर्कता जागरूकता सप्ताह
विभागों में नए बोर्ड लगाने का सौभाग्य मिल रहा हेशपथ ग्रहण समारोह मना कर मीटिंग करने का मौका हेप्रतिज्ञा ली जा रही हैंइसमे बड़े बड़े शब्दों का प्रयोग किया जा रहा हैबानगी देखिये
[१]कार्यकलापों में सत्यनिष्ठा +इमानदारी+पारदर्शिता+आदि से भ्रष्टाचार उन्मूलन को निर्बाध रूप से कार्य करेंगे
[२]सिधांतों पर आधारित सेवा प्रदान की जायेगी
[३]सामूहिक प्रयासों से संघठनों को गौरवशाली बनाया जाएगा
[४]भय और पक्षपात के बिना कार्य करेंगे
देश की वर्त्तमान दशा के मद्दे नज़र यह अपने आप में एक अच्छा+सकारात्मक+प्रेरक प्रयास हे मगर इसके नतीजे उत्साहवर्द्धक नही कहे जा सकतेकारण
[अ]पुराणी कहावत हे की जैसा राजा वैसी प्रजाअब राजा वर्ग [झारखंड]राजनितिक सहयोग के लिए भ्रष्टाचारी हे
[आ] मलाई दार विभागों के बंटवारे को बंदरबांट है[महारास्ट्रा]
[इ] पत्रकारिकता बिकाऊ है
[ई] न्यायधीशों को अपनी संपत्ति घोषित करने को बाध्य किए जाने की जरूरत हो गई है
[उ] बाड़ पीड़ित कर्नाटका में वर्चस्व की लड़ाई
[ऊ]विपक्ष निष्क्रिय हे
इसीलिए शायद स्वर्गीय राजीव गांधी पैसे का पूरा उपयोग नही देख सके उनके अपने कर्मठ पुत्र राहुल गांधी को तो सरकारी धन का उपयोग और भी कम दिखाई देता हैदेश में सबसे अधिक तनख्वाह पाने वाले भी मंदी के मौजूदा मौसम में हड़ताल के संक्रमण से ग्रसित हे या निम्न सरकारी नियमो का पालन कर रहे हैंबने रहो पगलाकाम करेगा अगलाबने रहो लुल पे पाओ फुलपालोगे टेंसन फमिली will take pension।
भ्रष्टाचार मिटे तो सबके लिए ठीक होगा

3 comments:

राज भाटिय़ा said...

बहुत सुंदर चुटकला... हंस हंस कर पेट दुखने लगा...इसीलिए शायद स्वर्गीय राजीव गांधी पैसे का पूरा उपयोग नही देख सके उनके अपने कर्मठ पुत्र राहुल गांधी को तो सरकारी धन का उपयोग और भी कम दिखाई देता, तभी तो यह बेचारा झोपडे मै सोता है ( सिर्फ़ चुनाव के वक्त) पेसंजर गाडी मै यात्रा करता है ( पुरी गाडी मे इस की सुरक्षा के कारण कोई आम आदमी नही बेठता मतलब पुरी गाडी इस बेचारे के लिये)

Udan Tashtari said...

सटीक दिया...

Babli said...

हा हा हा ! बड़ा ही मज़ेदार लगा सारे चुट्कुल्ले ! हँसते हँसते मेरे पेट में दर्द होने लगा! बहुत खूब !